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Translations:Soul/1/hi

From TSL Encyclopedia

"परमेश्वर आत्मा (Spirit) हैं, और जीवात्मा (Soul) परमेश्वर की जीवित संभावना (Living Potential) है। जीवात्मा की स्वतंत्र इच्छा (Free Will) की आकांक्षा तथा उसका परमेश्वर से पृथक हो जाना ही इस दिव्य संभावना के भौतिक शरीर (Flesh) की निम्न अवस्था में अवतरण का कारण बना।

अपमान (Dishonor) की अवस्था में बोई गई जीवात्मा का भाग्य यह है कि वह सम्मान (Honor) के साथ पुनः उठाई जाए और उस दिव्य अवस्था (God-estate) की पूर्णता को प्राप्त करे, जो समस्त जीवन की एकमात्र आत्मा (One Spirit of All Life) है।

जीवात्मा खो सकती है, परंतु आत्मा (Spirit) कभी नहीं मरती।"